नई दिल्ली। प्रसार भारती ने DD Free Dish पर खाली MPEG-4 स्लॉट के आवंटन के लिए 102वीं मिड-ईयर ई-नीलामी की घोषणा की है। नीलामी की शुरुआत 24 सितंबर 2026 से होने की संभावना है। इसके लिए आवेदन जमा करने की अंतिम तारीख 22 सितंबर, दोपहर 3 बजे निर्धारित की गई है।
इस नीलामी के जरिए खाली स्लॉट 1 अक्टूबर 2026 से 31 मार्च 2027 तक छह महीने की अवधि के लिए आवंटित किए जाएंगे। स्लॉट का आवंटन प्रो-राटा आधार पर किया जाएगा।
News और Non-News चैनलों के लिए अलग रिजर्व प्राइस
प्रसार भारती ने अलग-अलग कैटेगरी के लिए शुरुआती रिजर्व प्राइस तय किया है।
Bucket G1 में News और Current Affairs चैनल शामिल हैं। इस कैटेगरी का शुरुआती रिजर्व प्राइस 39.83 लाख रुपये रखा गया है। प्रत्येक बोली में न्यूनतम बढ़ोतरी 1 लाख रुपये होगी।
वहीं Bucket G2 में Non-News और Current Affairs के अलावा अन्य टेलीविजन चैनल शामिल होंगे। इसका शुरुआती रिजर्व प्राइस 36.40 लाख रुपये है और न्यूनतम बिड इन्क्रीमेंट 1 लाख रुपये रखा गया है।
Regional Channels के लिए तीन कैटेगरी
क्षेत्रीय भाषाओं के चैनलों को तीन अलग-अलग बकेट में रखा गया है।
- R2: पंजाबी, मराठी, गुजराती, बंगाली और ओडिया चैनल — शुरुआती रिजर्व प्राइस 21.56 लाख रुपये
- R3: संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल अन्य क्षेत्रीय भाषाएं, जिन्हें R1 और R2 में शामिल नहीं किया गया है — 3.31 लाख रुपये
- R1: तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम चैनल — 3 लाख रुपये
R1, R2 और R3 में न्यूनतम बिड इन्क्रीमेंट 50,000 रुपये रखा गया है।
पांच राउंड में होगी ई-नीलामी
ई-ऑक्शन कुल पांच राउंड में आयोजित की जाएगी। इसकी शुरुआत G1 से होगी और इसके बाद G2, R2, R3 और R1 के राउंड होंगे।
हर राउंड में भाग लेने वाले चैनलों के लिए अलग पात्रता तय की गई है। उदाहरण के लिए, पहले G1 राउंड में सभी पांच बकेट के चैनल बोली लगा सकते हैं, जबकि अंतिम R1 राउंड में केवल R1 कैटेगरी के चैनल हिस्सा ले सकेंगे।
Regional Channels के लिए अतिरिक्त शर्तें
R1, R2 और R3 के तहत आवेदन करने वाले चैनलों के लिए प्रसार भारती ने कुछ अतिरिक्त शर्तें रखी हैं। संबंधित चैनल की घोषित भाषा में पहले से उपलब्ध होना चाहिए और वह कम से कम किसी एक Private DTH Platform/DD Free Dish या किसी पंजीकृत Multi-System Operator (MSO) पर उपलब्ध होना चाहिए।
इसके अलावा चैनल द्वारा नीलामी में घोषित कैटेगरी और भाषा के अनुरूप वास्तविक प्रसारित कंटेंट पर भी जोर दिया गया है।
कंटेंट का 60% हिस्सा घोषित भाषा और Genre में होना जरूरी
नोटिस में ‘Predominantly’ का अर्थ स्पष्ट करते हुए कहा गया है कि विज्ञापन और अनुमत प्रमोशनल समय को छोड़कर चैनल के 75% कंटेंट का घोषित Genre और Language में होना जरूरी है।
पूरे मासिक कंटेंट को आधार मानते हुए, घोषित भाषा और Genre का हिस्सा कम से कम 60% होना चाहिए।
आवेदन शुल्क और Processing Fee
सामान्य कैटेगरी के लिए Participation Fee 3 लाख रुपये निर्धारित की गई है। हालांकि R1 और R3 बास्केट के लिए अलग-अलग फॉर्मूले लागू होंगे। इन बकेट में Participation Fee शुरुआती रिजर्व प्राइस के 60% या 3 लाख रुपये, जो भी कम हो, के आधार पर तय होगी।
इसके अलावा आवेदन जमा करने से पहले 25,000 रुपये की Non-Refundable Processing Fee ऑनलाइन जमा करनी होगी।
22 सितंबर तक करना होगा आवेदन
इच्छुक चैनलों को आवेदन और Participation Fee जमा करने का प्रमाण 22 सितंबर 2026 को दोपहर 3 बजे तक जमा करना होगा।
प्रसार भारती की ओर से पात्र बोलीदाताओं के लिए ई-नीलामी शुरू होने से पहले Online Training भी आयोजित की जाएगी।